Friday, February 3, 2023
HomeBollywoodनेशनल अवॉर्ड विनर स्मिता पाटिल कितनी पढ़ी लिखी हैं? यहां जानिए उनसे...

नेशनल अवॉर्ड विनर स्मिता पाटिल कितनी पढ़ी लिखी हैं? यहां जानिए उनसे जुड़ी दिलचस्प बातें— News Online (www.googlecrack.com)

Smita Patil Education: महाराष्ट्र (Maharashtra) के पुणे (Pune) शहर में 17 अक्तूबर 1955 को जन्मी स्मिता पाटिल की गिनती फिल्मी इंडस्ट्री (Film Industry) के बहुत ही बेहतरीन कलाकारों में की जाती है. स्मिता पाटिल ने अपने करियर में कला सिनेमा (Art Cinema) के साथ बॉलीवुड (Bollywood) की मसाला फिल्मों में भी अपने अभिनय का कमाल दिखाया. स्मिता पाटिल जैसे अभिनय (Acting) में महारत रखती थीं, ठीक उसी तरह वो पढ़ाई में भी किसी से कम नहीं थीं. आइए जानते हैं स्मिता पाटिल की एजुकेशन के बारे में.

स्मिता पाटिल की स्कूलिंग

स्मिता पाटिल बहुत ही रसूखदार परिवार से ताल्लुक रखती थीं. वो पढ़ाई में काफी बेहतर स्टूडेंट थीं. घरवालों ने उनका दाखिला पुणे के रेणुका स्वरूप मेमोरियल (Renuka Swaroop Memorial) स्कूल में करवाया था. इस स्कूल से स्मिता ने अच्छे से पढ़ाई पूरी की. स्कूल के दिनों से उन्होंने अपने अभिनय की कला पहचान लिया था.

हायर एजुकेशन

स्मिता पाटिल ने अपनी हायर एजुकेशन के लिये भारत के सबसे मशहूर संस्थान फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (Film and Television Institute Of India) को चुना. इस संस्थान से उन्होंने अभिनय की तमाम बारीकियों को सीखा. हायर एजुकेशन हासिल करने के बाद स्मिता पाटिल ने फिल्मों की तरफ रुख किया. हालांकी फिल्मों में काम करने से पहले उन्होंने न्यूज ब्राडकास्टर का काम किया.

अवार्ड्स

स्मिता पाटिल (Smita Patil) की जिंदगी फिल्म आनंद (Anand) के एक मशहूर डायलॉग ‘जिंदगी बड़ी होनी चाहिए लंबी नहीं’ की तरह रही है. उन्होंने चक्र (Chakra) और भूमिका (Bhumika) जैसी फिल्मों में अपनी शानदार एक्टिंग से राष्ट्रीय पुरुस्कार जीता. इसके बाद फिल्म जैत रे जैत (Jait Re Jait), चक्र और उंबरठा (Umbartha) के लिए फिल्मफेयर (Filmfare) का बेस्ट एक्ट्रेस का अवॉर्ड को भी जीत चुकी हैं.

यही नहीं साल 2011 में रेडिफ डॉट कॉम ने उन्हें नर्गिस दत्त (Nargis Dutt) के बाद दूसरी सबसे शानदार अदाकारा (Actress) माना था. इसके साथ उनके सम्मान में साल 2012 में स्मिता पाटिल फिल्म फेस्टिवल डॉक्यूमेंट्रीस एंड शॉर्ट का भी आयोजन हो चुका है. स्मिता पाटिल को भारत सरकार (Indian Government) ने साल 1985 में पद्म श्री (Padma Shri) के सम्मान से भी सम्मानित किया था. इस महान फिल्म अभिनेत्री ने महज 31 साल की उम्र में इस दुनिया को अलविदा कह दिया था, लेकिन उनका नाम आज भी उनके काम की वजह से जिंदा है.

यह भी पढें-

Brahmastra: खुशखबरी! 75 के बाद अब 100 रुपये में ब्रह्मास्त्र देखना का मौका, ये रही पूरी जानकारी

Kapil Sharma ने इस सीन को लेकर राधिका आप्टे से पूछ लिया ऐसा सवाल, स्टेज पर ही शरमा गईं एक्ट्रेस

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments